PATNA सिटी के आलमगंज थाना क्षेत्र के मेहंदीगंज गुमटी के समीप आज उस वक्त अफरातफरी मच गई, जब अवैध अतिक्रमण हटाए जाने के विरोध में एक हार्डवे...
PATNA सिटी के आलमगंज थाना क्षेत्र के मेहंदीगंज गुमटी के समीप आज उस वक्त अफरातफरी मच गई, जब अवैध अतिक्रमण हटाए जाने के विरोध में एक हार्डवेयर दुकानदार ने खुद को आग लगा ली। आनन-फानन में गंभीर रूप से झुलसे हार्डवेयर दुकानदार को इलाज के लिए अपोलो बर्न अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी स्थिति गंभीर बताई जाती है। दुकानदार द्वारा खुद को आग लगाए जाने से स्थानीय लोगों का आक्रोश भड़क उठा और स्थानीय लोगों और दुकानदारों ने प्रशासन की टीम पर पथराव शुरू कर दिया। स्थानीय लोगों के पथराव को देखते हुए प्रशासन की टीम मौके से फरार हो गई।
बताया जाता है कि मेहंदी गंज गुमटी के पास अवैध रूप से बने दर्जनों दुकानों को अतिक्रमण मुक्त कराने रेल प्रशासन और पटना सिटी अनुमंडल प्रशासन की टीम पहुंची थी। प्रशासन की टीम जैसे ही दुकानों को खाली कराने लगी, दुकानदार और स्थानीय लोग हंगामा मचाने लगे। इसी दौरान स्थानीय हार्डवेयर दुकानदार अनिल कुमार ने अपने शरीर पर पेट्रोल छिड़ककर आत्मदाह का प्रयास किया, जिससे अफरा तफरी मच गई। अनिल कुमार के आत्मदाह किए जाने के प्रयास में एक स्थानीय कचडी दुकानदार कन्हाई कुमार भी आंशिक रूप से घायल हो गया। गंभीर रूप से झुलसे अनिल कुमार को इलाज के लिए अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी स्थिति गंभीर बताई जाती है। घटना के संबंध में पूछे जाने पर घायल अनिल कुमार के बड़े भाई और स्थानीय दुकानदार अजीत कुमार और उनकी भाभी रानी देवी ने बताया कि वे लोग पिछले 100 वर्षों से इस जमीन पर रहते आए हैं। उनका कहना था कि यह जमीन रैयती जमीन है, जिसे अंचलाधिकारी ने जमीन की नापी कराने के बाद इस संबंध में रेल प्रशासन को जांच प्रतिवेदन भी सौंप दिया था। अजीत कुमार का कहना था कि मामला कोर्ट में लंबित है, बावजूद इसके रेल प्रशासन उस जमीन को अपना बताकर उस पर जबरन कब्जा जमाना चाहती है। घटना को लेकर स्थानीय लोगों में रेल प्रशासन के खिलाफ गहरा आक्रोश व्याप्त है।




