पटना (न्यूज सिटी)। पटना विश्वविद्यालय के सिंडिकेट सदस्य पप्पू वर्मा ने बयान जारी कर कहा कि पटना विश्वविद्यालय के स्नातकोत्तर में नामांकन फॉर...
पटना (न्यूज सिटी)। पटना विश्वविद्यालय के सिंडिकेट सदस्य पप्पू वर्मा ने बयान जारी कर कहा कि पटना विश्वविद्यालय के स्नातकोत्तर में नामांकन फॉर्म अप्लाई में आ रही बाधाओं को दूर कर लिया जाएगा। छात्रों के समस्या को देखते हुए पटना विश्वविद्यालय के सिंडीकेट सदस्य पप्पू वर्मा ने दूरभाष के माध्यम से पटना विश्वविद्यालय के कुलपति समेत अन्य पदाधिकारियों से सकारात्मक वार्ता किया। वार्ता के बाद श्री वर्मा ने कहा कि वैश्विक महामारी में लॉक डाउन के कारण कई प्रकार के समस्या विश्वविद्यालय के सामने आ रही है, जो आज हमने विश्वविद्यालय के सभी पदाधिकारियों से वार्ता कर उनसे यह आग्रह करते हुए छात्रों की परेशानी को अवगत कराया और उनकी समस्या को जल्द से जल्द निपटारा किया जाए।

साथ ही प्रैक्टिकल में एवरेज मार्किंग के आधार पर छात्रों को मौका दिया जाए एवं अन्य विषयों की विद्यार्थियों को भी जिनका एक दो विषयों की परीक्षाएं लॉक डाउन के वजह से आयोजित नहीं हो सकी है, ऐसे सभी विद्यार्थियों को भी मौका दिया जाए। इस आग्रह पर विश्वविद्यालय की ओर से आश्वासन दिया गया कि जल्द ही सभी समस्याओं का समाधान कर लिया जाएगा। अभी छात्रों के पास पर्याप्त समय है, उन्हें घबराने की आवश्यकता नहीं है। विश्वविद्यालय भी उनकी समस्या से अवगत है। जल्द ही विश्वविद्यालय द्वारा एकेडमिक कॉउंसिल की बैठक आयोजित कर इन सभी विषयों पर निर्णय ले लिया जाएगा।
वही मगध विश्वविद्यालय, पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय, वीर कुंवर सिंह विश्वविद्यालय एवं अधिकांश विश्वविद्यालयों में सेशन लेट एवं अन्य प्रकार के आ रही छात्रों की समस्या को देखते हुए पटना विश्वविद्यालय के सिंडिकेट सदस्य पप्पू वर्मा ने महामहिम कुलाधिपति महोदय एवं राज्य सरकार को पत्र के माध्यम से उनसे आग्रह किया है कि छात्रों की समस्याओं पर गंभीरता पूर्वक विचार किया जाए ताकि छात्रों का सेशन भी लेट ना हो एवं विश्वविद्यालय के गलतियों व महामारी का खामियाजा छात्रों को भुगतना ना पड़े। इसलिए मानवीय आधार पर छात्रों की समस्या को गंभीरता पूर्वक विचार करते हुए जल्द से जल्द उनकी समस्याओं का निपटारा छात्र हित में किया जाए। इस महामारी को देखते हुए सभी कक्षाएं ऑनलाइन शुरू हो व सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए विश्वविद्यालय के कार्यालय एवं कार्यों को शुरू किया जाए ताकि जल्द से जल्द इन सभी प्रकार के समस्याओं पर काम शुरू हो सके।



