पटना सिटी। प्रसिद्ध चित्रकार सत्यनारायण लाल उर्फ लाल साहब का 85 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन से कला जगत को अपूरणीय क्षति हुई है। ...
पटना सिटी। प्रसिद्ध चित्रकार सत्यनारायण लाल उर्फ लाल साहब का 85 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन से कला जगत को अपूरणीय क्षति हुई है। विधानसभा अध्यक्ष नंद किशोर यादव ने दूरभाष पर संवेदना व्यक्त करते हुए कहा, "बड़े ही सौम्य स्वभाव के और सर्वप्रिय चित्रकार लाल साहब का जाना कला जगत के लिए अंतहीन क्षति है।" लाल साहब ने भारत के उच्चतम कोटि के चित्रकारों में अपनी विशिष्ट पहचान बनाई थी।
क्रिएटिव नोशन के सचिव जितेंद्र मोहन, प्रख्यात चित्रकार आनंदी प्रसाद बादल, कलाकार संघ के अध्यक्ष आलोक चोपड़ा और चित्रकार संजय रॉय ने लाल साहब के निधन पर गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि लाल साहब को पोट्रेट और कंटेम्पररी कला में अद्वितीय महारत हासिल थी। समकालीन और नई पीढ़ी के चित्रकारों को वे निरंतर मार्गदर्शन देते रहे। उनका सम्पूर्ण जीवन कला साधना को समर्पित था और वे कई राज्य स्तरीय पुरस्कारों से सम्मानित हुए थे।
खाजेकला घाट पर उनके बड़े पुत्र विजय कुमार ने उन्हें मुखाग्नि दी। संवेदना व्यक्त करने वालों में सच्चिदानंद कुमार, अजय कुमार, सत्यदेव रंजन, नवीन रस्तोगी, अरविंद राज, यासीर अराफात, अनंत अरोड़ा, संगीतकार रवि रंजन और अन्य गणमान्य व्यक्ति शामिल थे। स्वरांजलि के संयोजक अनिल रश्मि ने कहा कि लाल साहब अपने शिष्यों के दिलों में हमेशा जीवित रहेंगे।
कला जगत से जुड़े सभी कलाकारों ने भारत सरकार से उन्हें मरणोपरांत पद्मश्री सम्मान देने और राज्य सरकार से उनके नाम पर "कला दीर्घा" स्थापित करने की मांग की है।





