PATNA : बिहार फार्मासिस्ट संवर्ग नियमावली 2014 को निरस्त कर फार्मेसी प्रैक्टिस रेगुलेशन एक्ट 2015 को लागू किए जाने की मांग को लेकर फार्मेसी...
PATNA : बिहार फार्मासिस्ट संवर्ग नियमावली 2014 को निरस्त कर फार्मेसी प्रैक्टिस रेगुलेशन एक्ट 2015 को लागू किए जाने की मांग को लेकर फार्मेसी छात्र-छात्राओं ने आज आक्रोश मार्च निकालकर अपना विरोध जताया। पटना सिटी के अगमकुआं स्थित राजकीय फार्मेसी संस्थान के छात्र छात्राओं और पूर्ववर्ती छात्रों ने कॉलेज परिसर से आक्रोश मार्च निकालकर अपना विरोध जताया। इस दौरान फार्मेसी छात्र छात्राओं ने काला बिल्ला लगाकर अपना विरोध प्रकट किया। इस मौके पर फार्मेसी छात्र-छात्राओं ने बिहार फार्मासिस्ट संवर्ग नियमावली 2014 को काला कानून करार देते हुए सुप्रीम कोर्ट द्वारा लागू फार्मेसी प्रैक्टिस रेगुलेशन एक्ट 2015 को लागू किए जाने की मांग की। इस मौके पर फार्मेसी छात्र छात्राओं ने 26 नवंबर 2022 के सुप्रीम कोर्ट के फैसले का हवाला देते हुए राज्य सरकार से इसे अविलंब लागू कर फार्मासिस्ट की बहाली में बी फार्मा और एम फार्मा के छात्रों को शामिल किए जाने की मांग की। इस अवसर पर आक्रोशित छात्र-छात्राओं का कहना था की बिहार फार्मासिस्ट संवर्ग नियमावली 2014 लागू होने के कारण प्रदेश के हजारों बी फार्मा और एम फार्मा के छात्रों का भविष्य अंधकार में हो गया है।




