इस अवसर पर मुख्यमंत्री और भाजपा अध्यक्ष ने घाटों पर जुटे श्रद्धालुओं का अभिवादन करते हुए हाथ हिलाकर छठ पर्व की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने छठ व्रतियों की श्रद्धा और भक्ति को देखा, जिसमें गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी थी और वातावरण भक्तिमय नजर आ रहा था।
दानापुर से यात्रा के बाद दोनों नेता गायघाट जेटी पर पहुंचे, जहां से पटना के लिए रवाना हुए। आश्चर्यजनक रूप से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और जेपी नड्डा एक ही कार में सवार होकर पटना लौटे। हालांकि इस दौरान, उन्होंने मीडिया से बातचीत करने से मना कर दिया और बिना कोई बयान दिए सीधे पटना के लिए रवाना हो गए।
यह छठ पूजा के अवसर पर बिहार में राजनीतिक और सामाजिक एकता का उदाहरण था। दोनों नेताओं के इस अनौपचारिक सफर ने त्योहार के मौके पर प्रदेशवासियों को एक सकारात्मक संदेश दिया।